अंतर्निहित अर्थ*

(संज्ञा) – वे विवरण या विचार जो प्रत्यक्ष रूप से नहीं बल्कि संवाद और क्रिया के माध्यम से अप्रत्यक्ष रूप से संप्रेषित किए जाते हैं।